NANDAX · LEARN WITH SIMULATIONS
सरल लोलक प्रयोगशाला
प्रयोग कार्यपत्रक · NCERT एवं प्रतियोगी तैयारी
नाम: _______________________कक्षा: __________तिथि: __________
शैक्षिक उद्देश्य
छोटा आयाम रखते हुए लंबाई और गुरुत्व पर आवर्तकाल की निर्भरता देखें।
प्रयोग विधि
- लंबाई 1.0 m और g = 9.81 m/s² रखें।
- समय मापक से आवर्तकाल जाँचें।
- लंबाई दोगुनी करें और देखें कि आवर्तकाल √2 गुना हुआ या नहीं।
अवलोकन एवं तर्क
1. क्या लोलक के गोले का द्रव्यमान आदर्श आवर्तकाल को प्रभावित करता है?
2. यदि लंबाई 4L हो जाए तो आवर्तकाल क्या होगा?
3. आयाम को छोटे कोणों तक सीमित क्यों रखा है?
शिक्षक उत्तर कुंजी
1. नहीं, आदर्श समीकरण में द्रव्यमान कट जाता है।
2. आवर्तकाल दोगुना होगा क्योंकि T ∝ √L।
3. क्योंकि sinθ ≈ θ का सन्निकटन छोटे कोणों पर ही सटीक होता है।